Saturday, March 3, 2012

सोचो तो

गोरख पांडेय की कविता इरफ़ान की आवाज़ में.


जन संस्कृति मंच द्वारा जारी ऑडियो बुक 'आएंगे अच्छे दिन' से

कैथरकला की औरतें

गोरख पांडेय की कविता पूनम श्रीवास्तव की आवाज़ में.




जन संस्कृति मंच द्वारा जारी ऑडियो बुक 'आएंगे अच्छे दिन' से

'तुम्हें डर है' और 'उनका डर'

गोरख पांडेय की दो कविताएं शरद तिवारी की आवाज़ में.

तुम्हें डर है



उनका डर



जन संस्कृति मंच द्वारा जारी ऑडियो बुक 'आएंगे अच्छे दिन' से

हे भले आदमियो

गोरख पांडेय की कविता अतुल आर्य की आवाज़ में.



जन संस्कृति मंच द्वारा जारी ऑडियो बुक 'आएंगे अच्छे दिन' से

बच्चों के बारे में


गोरख पांडेय की कविता अतुल आर्य की आवाज़ में.



जन संस्कृति मंच द्वारा जारी ऑडियो बुक 'आएंगे अच्छे दिन' से

आँखें और ज़मींदार सोचता है

गोरख पांडेय की कविताएं अश्विनी वालिया की आवाज़ में.



जन संस्कृति मंच द्वारा जारी ऑडियो बुक 'आएंगे अच्छे दिन' से

बंद खिड़कियों से टकराकर


गोरख पांडेय की कविता पूनम श्रीवास्तव की आवाज़ में.



जन संस्कृति मंच द्वारा जारी ऑडियो बुक 'आएंगे अच्छे दिन' से.